Doctor Strange 2 : आज डॉक्टर स्ट्रैन्ज फिल्म के जहाँ नये भाग Doctor Strange 2 की चर्चा हो रही है वहीं आज इसके हिन्दू धर्म (Hinduism) से कनेक्शन के बात भी जोरों पर है | इस फिल्म के सनातन धर्म से ऐसे कई लिंक्स हैं  जिनके बारें में जानकार शायद आप चोंक जाएँ |

 
Doctor Strange 2 : अभी कुछ दिन पहले Marvel ने अपने फैंस के लिए Doctor Strange की नई Movie को Release किया जिसका नाम है Doctor Strange 2 / Doctor Strange in the Multiverse of Madness |  इस Movie का जो फर्स्ट पार्ट है वो आया था 2016 में जिसका बजट था लगभग 1000 करोड़ रुपये  और इसने टोटल कमाई की लगभग 7000 करोड़ रुपयों की | इस मायने में यह Movie Marvel  की सुपर डुपर हिट Movies में से एक रही |  इस Movie का हिन्दू धर्म (Hinduism)  से भी बहुत गहरा संबंध है जिससे जुड़े तथ्य और इसकी कहानी कुछ इस प्रकार है |
यह Movie एक Doctor के ऊपर है जिसे लोग Doctor Strange कहकर बुलाते हैं | यह Doctor अपने काम में काफी एक्सपर्ट होता है जिसकी वजह से इसमें जो इगो और घमंड था वो काफी ज्यादा होता है |
जब यह अपने कैरियर के शीर्ष पर था तभी इसका एक खतरनाक कार एक्सीडेंट हो जाता है|  जिससे इसकी काफी सारी हड्डियां टूट जाति हैं|  इसके बाद इसका एक लंबा इलाज चलता है जिसके परिणाम स्वरूप यह Doctor धीरे धीरे सही तो हो जाता है लेकिन इसके हाथ जो इसके काम के लिए बहुत ज्यादा जरूरी थे वह पहले की तरह नहीं हो पाते और हमेशा कांपते रहते हैं | यह देख कर उसे काफी ज्यादा दुख होता है |
 इसके इलाज के लिए वह पूरी दुनिया में भटकता है लेकिन कहीं से भी उसे वो रिजल्ट नहीं मिलता जो वो चाहता था ऐसे में उसे एक ऐसे व्यक्ति के बारे में पता लगता जिसकी हालत भी कुछ ऐसी ही थी लेकिन आज वो व्यक्ति सिर्फ सही ही नहीं है उल्टा लोगो को बास्केटबॉल खेलना भी सीखा रहा है | यह व्यक्ति एक समय इलाज के लिए Doctor Strange के पास भी आया था लेकिन इस Doctor ने यह कहकर मना कर दिया की इसका इलाज नामुमकिन है |
 Doctor Strange जब इस देखता है तो पूरी तरह से चौंक जाता है और पूछता है की वो कौनसी जगह है जहां से तुम इस तरह ठीक हो पाए | तो काफी पूछने के बाद वह व्यक्ति Doctor को बताता है की नेपाल के काठमांडू में एक जगह है जिसका नाम है कामर्ताज, वह वहां गया,  गुरुओं की और साधुओं के साथ रहा और वहीं से उसका इलाज हो पाया | इसके साथ वह यह भी बताता है की वहां सीखने के लिए और भी चीजें थी लेकिन वह इतना ही कर पाया |
आप में से शायद कुछ लोग जानते होंगे की नेपाल 2006 तक दुनिया का एक मात्र हिंदू राष्ट्र था इसके बाद इसे भारत की तरह सेकुलर राष्ट्र घोषित कर दिया गया लेकिन यहां आज भी 81% के लगभग हिंदू आबादी रहती हैं |
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तो होता यह है इसके बाद नेपाल की राजधानी में स्थित, कमरताज नाम की जगह पर Doctor Strange जाता है इस जगह के आस पास कई नागा साधु बैठे भी इसमें दिखाए गए हैं | जिनका सनातन संस्कृति में अपना एक अलग महत्व है |
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इसके बाद जब वो कमरताज में जाता है तो वह वहां की गुरु मां से मिला है जो उस जगह की Head होती हैं जिन्हें वहां के लोग ancient one कहते हैं | क्योंकि कोई नहीं जानता की उनकी कितनी उम्र है |
Doctor Strange जैसे ही गुरु मां से मिलता है गुरु मां बिना कुछ पूछे Doctor Strange की पूरी कहानी उसे बता देती हैं जिससे वह काफी हिल जाता है |
अगर आप उन लोगो में से है। जिन्होएं Doctor Strange Movie तो नहीं देखी लेकिन भारत के कई महान संतो की कहानियां सुनी हैं तो आपको अभी तक की यह कहानी काफी सुनी सुनी लग रही होगी | क्योंकि भारत में कई ऐसी प्राचीन कहानियां हैं जिसमें गुरु शिष्य की इस परंपरा का तो जिक्र है ही साथ में गुरु और शिष्य की पहली मुलाकात भी कुछ इसी तरह से होई है |
लेकिन अगर मैं यहां ऐसी किसी पुरानी सच्ची कहानी का यहां example दूं तो आप शायद यकीन ना करें क्योंकि इतनी पुरानी घटना के सबूत देना या ढूढना थोड़ा मुश्किल हो सकता है | तो इसलिए मैं आपको रामदास जी की स्टोरी पढ़ने के लिए कहूंगा को की पूरी तरह से रियल है इनका शुरू मैं नाम रिचर्ड अल्पर्ट था और अमेरिका की जानी मानी यूनिवर्सिटी हार्वर्ड में प्रोफेसर थे बाद में इन्होएं अपना नाम रामदास रख लिया | अभी 2019 में इनका देहान्त हुआ है | इनके ऊपर Netflix पर डॉक्यूमेंट्री भी है | इनके गुरु जी थे श्री नीम करोली बाबा जिन्हें एप्पल के स्टीव जॉब्स से लेकर फेसबुक के मार्क जकरबर्ग तक काफी मानते हैं | अगर आप रामदास उर्फ रिचर्ड अल्पर्ट जी की पूरी बायोग्राफी देखना चाहते हैं तो हमारे यूट्यूब चैनल Yogic Movement पर जाएं वहां आपको यह आसानी से मिल जाएगी | इनकी जीवनी आपसे पढ़ने के लिए मैं इसलिए कह रहा हूं की क्योंकि अभी तक की Doctor Strange की जो आपको कहानी सुनाई है वो इनकी कहानी से काफी मैच तो करती है साथ में जब आप इससे जुड़े सबूत ढूंढेंगे तो वो भी आपको आसानी से मिल जाएंगे क्योंकि सनातन धर्म विश्वास पर नहीं हमेशा सत्य पर जोर देता है और लोगो को एक खोजी या जिज्ञासु बनने की प्रेरणा देता है |
इसी का परिणाम भगवद गीता ग्रंथ है | अगर अर्जुन सिर्फ विश्वास करके कृष्ण जी की बात शुरू मैं ही मान जाता और आगे कोई प्रश्न नहीं उठाता तो दुनिया को यह पवित्र ग्रंथ कभी ना मिलता |
तो चलिए अब अपनी मुख्य स्टोरी पर आते हैं, गुरु मां से मिलने पर गुरु मां एक बुक में कुछ फोटोज Doctor को दिखाती हैं जो की फिर से सनातन संस्कृति के योग विज्ञान से ली गई हैं जैसे की ये 7 ऊर्जा चक्र |
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योग विज्ञान में ऐसा कहा जाता है की  योग के जरिए आप अपनी ऊर्जा को नीचे के चक्र से जितना ऊपर के चक्रों की तरफ ला पाएंगे आप अपने जीवन में उतना ही अपनी परेशानियों और दुख से मुक्त हो पाएंगे | साथ में कुछ ऐसे कार्य भी कर सकेंगे जो अन्य आम लोगो को असंभव प्रतीत हो |
इतना सब होने के बाद भी Doctor Strange को अपने घमंड और जो उसने अभी तक पढ़ाई की है उसकी वजह से उसे चक्र, आत्मा, परमात्मा जैसी बातें बकवास लगती हैं जिनके बारे में हिंदू और बोध धर्म में बताया गया है , इससे वह गुरु मां पर गुस्सा हो जाता है की इन सब फालतू की बातों के लिए मैं यहां नहीं आया | इस पर गुरु मां कुछ देर के लिए Doctor के शरीर और आत्मा को अलग अलग कर देती हैं |
लेकिन इसके बाद भी Doctor को यकीन नहीं होता उसे लगता है यह सब एक भ्रम है, शायद मेरी चाय में कुछ मिलाया गया है | तो गुरु मां कहती हैं ऐसी बहुत सी चीजें हैं जो तुम अभी नहीं जानते | ऐसा कह कर गुरु मां Doctor के सिर के बीच में उस जगह अपना अंगूठा रख देती है जिसे योग विज्ञान में आज्ञा चक्र कहते हैं |
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आज्ञा चक्र के बारे में कहा है की हम इसे अगर जाग्रत कर लेते हैं तो यह हमारा सारा अज्ञान समाप्त करके हमें परमानंद के स्तर तक ले जा सकता है |
इसलिए आज भी गई गुरु अपने को तनाव मुक्त करने और जाग्रत करने के लिए आज्ञा चक्र पर स्पर्श करते हैं |
इसी तरह गुरु मां भी Doctor Strange के आज्ञा चक्र पर अपना अंगूठा रखती है | लेकिन अंगूठा ही क्यों रखती है कोई और अंगुली क्यों नहीं यह सब योग विज्ञान से संबंधित है | यह बात कही जा सकती है की Movie को बनाने वाली टीम में कोई न कोई तो ऐसा जरूर था जिसने योग और भारतीय ग्रंथों की बड़ी गहराई से स्टडी की थी |
गुरु मां आंखें खोलो बोल कर जैसे ही Doctor Strange के आज्ञा चक्र पर अंगूठा रखती हैं उसके बाद Doctor को अनंत ब्रह्मण से लेकर काफी कुछ देखने को मिलता है जो उसने कभी अपने सपने में भी नहीं सोचा था | ये दृश्य इतने भयानक होते हैं की वह बुरी तरह घबरा जाता है | और जब वापिस होश में आता है तो गुरु मां के सामने अपने आप को सरेंडर करके कहता है मुझे आपका शिष्य बना लो |
इस द्रश्य को देखकर श्रीमद भगवद गीता का अध्याय-11 याद आता हैं जहां अर्जुन के बार बार भगवान श्री कृष्ण से प्रश्न पूछने के बाद भगवान श्री कृष्ण अर्जुन की आंखे खोलने के लिए अपना विश्वरूप दिखाते हैं | जिसमें अर्जुन को अनंत सिर आंख, पैर, अनंत ब्रह्मण और भी बहुत कुछ ऐसा नजर आता जिसका ना कोई अंत होता है ना प्रारंभ और ना ही मध्य,जिसे देखे कर अर्जुन की भी हालत खराब हो जाती है और वो भगवान से प्रार्थना करता है की आप फिर से अपने सामान्य रूप में आ जाओ |
Doctor Strange की Movie के इस द्रश्य जैसी घटना स्वामी विवेकानंद जी के साथ भी होती है जब वो अपने गुरु से पहली बार मिलते हैं | स्वामी विवेकानंद कहते हैं की इसका क्या प्रूफ है की भगवान है और अगर है तो मुझे भी दिखाओ | स्वामी विवेकानंद जी के गुरु रामकृष्ण परमहंस कहते हैं | क्या तुम में इतनी हिम्मत है की तुम देख सको | तो विवेकानंद जी जवाब देते हैं हां है ऐसा कहते ही उनके गुरु उन्हें स्पर्श करते हैं और स्वामी विवेकानंद जी कुछ घंटों के लिए समाधि में लीन हो जाते | इसके बाद जब Swami Vivekanand ji वापिस आते हैं तो वे भी रामकृष्ण परहंस जी के आगे खुद को सरेंडर करके उन्हें अपना गुरु बना लेते हैं |
गुरु और शिष्यों की इस भारतीय परंपरा में ऐसे कई उदहारण आपको देखने को मिलेंगे जब आप इनके बारे में पढ़ना शुरू करोगे |
अब हम फिर से हम अपनी मुख्य स्टोरी पर आते हैं, तो इस तरह से Doctor Strange गुरु मां का शिष्य बन जाता है | यहां पर उसे wifi ki सुविधा  भी दी जाती है जिसका पासवर्ड होता है Shamballa | इस शब्द का जिक्र बोध परंपराओं में तो देखने को मिलता ही है साथ में शामबल्ला शब्द का जिक्र आपको विष्णु पुराण में भी मिलता है | जिसके बारे में कहा जाता है की Shamballa वही जगह है जहां भगवान विष्णु जी के अगले अवतार कल्कि आने वाले हैं | जिससे कलयुग समाप्त हो जायेगा और सतयुग फिर से आरंभ होगा |
जब Doctor Strange यहां की लाइब्रेरी से बुक्स लेने जाता है तो उससे लाइब्रेरियन पूछता है क्या तुम्हें संस्कृत आती है , Doctor Strange जवाब देते हैं आती तो नही है लेकिन में गूगल ट्रांसलेटर यूज कर लूंगा | इसके बाद लाइब्रेरियन Doctor को कई बुक्स पकड़ता है और कहता है यह लो बुक्स जो लिखी गई हैं वैदिक क्लासिक संस्कृति में |
| पता नहीं Doctor Strange ने ये बुक्स कैसे पढ़ी होंगी क्योंकि गूगल ट्रांसलेटर में कई भाषाएं हैं लेकिन संस्कृत उसमें नहीं हैं जो की विश्व की सबसे पुरानी भाषाओं में से एक है | I hope google शायद एक दिन संस्कृति भाषा भी अपने ट्रांसलेटर में add  करे |
इसके बाद जब गुरु मां Doctor Strange को हवा से हथियार बनाना सिखाती है तो उसमें जिस डिजाइन का use किया गया है वो भी कुंडलनी के 7 ऊर्जा चक्रों का मिला जुला रूप होता है |
इस तरह Movie के बीच में ऐसे कई वाक्य आते हैं जो की आपको सुने सुने से लगेंगे अगर आपने हिंदू, बोध या फिर जैन धर्म जैसे भारतीय ग्रंथो को समझा है |
इस Movie के अंत में एक द्रश्य आता हैं जिसमें इस Movie के विलेन Dormamau को Doctor Strange कालचक्र में फसा देता है जिससे बार बार एक ही घटना उसके साथ हो रही होती है इससे विलेन परेशान होकर हार मान जाता है और Doctor Strange से कहता है मुझे इस कालचक्र से मुक्ति दिलाओ |
भगवद गीता, उपनिषद या वेदों की माने तो हम भी ऐसे ही एक काल चक्र में फसे हुए हैं जहां हमारा शरीर बार बार पैदा होता है फिर हर बार वही एक जैसे काम करता है और फिर मर जाता है |
ऐसे में हमारी कोशिश भी इस कालचक्र को तोड़ कर बाहर आने की होनी चाहिए जिसमें आपकी मदद Doctor Strange तो नही कर सकते है क्योंकि वो तो काल्पनिक है लेकिन एक चीज है जिसका निर्माण हमें इस कालचक्र से बाहर लाने के लिए ही किया गया है उसका नाम है योग |
सिर्फ Doctor Strange ही नहीं ऐसी और भी Movies है जो सनातन संस्कृति के ज्ञान पर आधारित हैं |
 

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